चर्चा में

एम आर शमशाद 
08 Dec 2019
गुमनाम इन्सान द्वारा उपसंहार लिखना और “सीलबंद लिफ़ाफ़ों” में दस्तावेज़ों को गुपचुप भेजने की कवायद, वादियों के साथ नाइंसाफ़ी है।
मार्ज पियर्सी
08 Dec 2019
"बलात्कार पनपता है सामान्य पुरुष के कल्पनालोक में/ जैसे कूड़े के ढेर पर गोबरैला...।"  'इतवार की कविता' में बलात्कार की नृशंसता को दर्शाती अमेरिकी…
अमित सिंह
07 Dec 2019
चर्चित सोशल एक्टिविस्ट रितिका खेड़ा की अगुआई वाली एक फैक्ट फाइडिंग टीम का दावा है कि पिछले पांच साल में झारखंड में भूख से करीब 22 लोगों की मौत हुई है…